Home Delhi दिल्ली में मेट्रो व इंटरनेट बंद भारी पुलिस फोर्स कई अरेस्ट
Delhi

दिल्ली में मेट्रो व इंटरनेट बंद भारी पुलिस फोर्स कई अरेस्ट

दिल्ली में मेट्रो व इंटरनेट बंद भारी पुलिस फोर्स कई अरेस्ट

Share
दिल्ली में मेट्रो व इंटरनेट बंद भारी पुलिस फोर्स कई अरेस्ट
Share

मुख्य चुनाव आयुक्त के खिलाफ प्रदर्शन में शामिल आप के संजय सिंह, सौरभ भाद्वाज, ऑल इंडिया स्टूडेंट्स एसोसिएशन (AISA) की राष्ट्रीय अध्यक्ष नेहा बोरा और SFI व NSUI के कई छात्र नेता अरेस्ट

25 और 29 सितंबर को हुए शुरुआती विरोध प्रदर्शनों के दौरान भी पुलिस ने योगेंद्र यादव, दीपांकर भट्टाचार्य (CPI-ML), एम.ए. बेबी (CPI-M), सुचेता दे और श्वेता राज जैसे दिग्गज नेताओं को हिरासत में लिया था।

नई दिल्ली। मुख्य चुनाव आयुक्त के खिलाफ गांधी शास्त्री जयंती पर विरोध प्रदर्शन के चलते पुलिस ने जंतर मंतर की ओर जाने वाले सभी मेट्राे बंद कर दी। नई दिल्ली जिले में भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता (BNSS) की धारा 163 (पूर्व में धारा 144) को सख्ती से लागू किया गया। जंतर-मंतर, पार्लियामेंट स्ट्रीट और कनॉट प्लेस के आस-पास 4,000 से 5,000 सुरक्षाकर्मियों और अर्धसैनिक बलों (CAPF) की कंपनियों को तैनात कर पूरे इलाके को छावनी में बदल दिया गया।फिलहाल जंतर-मंतर के आस-पास का पूरा इलाका पूरी तरह सील है। जंतर-मंतर के आस-पास इंटरनेट सेवाओं को भी अस्थायी रूप से निलंबित कर दिया गया है। प्रदर्शनकारियों को मुख्य प्रदर्शन स्थल तक पहुंचने से पहले ही सड़कों से हटा दिया गया है। दिल्ली मेट्रो (DMRC) ने केंद्रीय दिल्ली के राजीव चौक, पटेल चौक और उद्योग भवन समेत 11 प्रमुख मेट्रो स्टेशनों के प्रवेश और निकास द्वार बंद कर दिए, जिससे सुबह दफ्तर और बाजारों के लिए निकले आम लोगों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ा।

भारी संख्या में अरेस्टिंग

राज्यसभा सांसद मनोज झा (RJD) और प्रशांत भूषण के आह्वान पर जुटे इंडिया ब्लॉक (INDIA Bloc) के घटक दलों के कई नेताओं व कार्यकर्ताओं को बसों में भरकर पार्लियामेंट स्ट्रीट व अन्य थानों में ले जाया गया है। पाबंदियों के बावजूद आम आदमी पार्टी (AAP), वामपंथी छात्र संगठनों (AISA, SFI) और सामाजिक कार्यकर्ताओं ने जंतर-मंतर की ओर मार्च करने की कोशिश की। जैसे ही प्रदर्शनकारी सड़कों पर उतरे, पुलिस ने उन्हें हिरासत में लेना शुरू कर दिया। जंतर-मंतर और कनॉट प्लेस के पास मार्च का नेतृत्व कर रहे ‘आप’ दिल्ली के प्रदेश अध्यक्ष सौरभ भारद्वाज और पार्टी के कई कार्यकर्ताओं को पुलिस ने जबरन गाड़ियों में भरकर हिरासत में ले लिया। प्रदर्शनकारियों को भरकर ले जाने के लिए पुलिस ने करीब 10 से अधिक बसें तैनात की थीं और हिरासत में लिए गए लोगों को पार्लियामेंट स्ट्रीट व अन्य थानों में ले जाया गया है। आम आदमी पार्टी के कई विधायकों, स्थानीय पार्षदों (जैसे झदौड़ा वार्ड के गगन चौधरी) और सैकड़ों कार्यकर्ताओं को या तो प्रदर्शन स्थल से हिरासत में लिया गया है या उन्हें एहतियातन हाउस अरेस्ट (नजरबंद) किया गया है।

ज्ञानेश पर गंभीर आरोप

मुख्य चुनाव आयुक्त (CEC) ज्ञानेश कुमार के खिलाफ गंभीर आरोप लगे हैं, जिसके कारण विपक्षी दल, छात्र संगठन और नागरिक समूह उनके इस्तीफे की मांग कर रहे हैं। इन आरोपों का मुख्य आधार ‘द इंडियन एक्सप्रेस’ की एक रिपोर्ट और हाल ही में सुप्रीम कोर्ट में दायर याचिकाएं हैं। मतदाता सूची के विशेष गहन संशोधन (SIR) प्रक्रिया के तहत देशभर में ड्राफ्ट वोटर लिस्ट से करीब 13 करोड़ (130 मिलियन) वोटरों के नाम हटा दिए गए हैं, जो कुल मतदाताओं का लगभग 13% है। विपक्ष (विशेषकर राहुल गांधी) ने इसे “वोट चोरी” करार दिया है। आरोप है कि ‘फॉर्म 7’ का गलत इस्तेमाल करके जानबूझकर मुस्लिम, एससी (SC), एसटी (ST) और ओबीसी (OBC) समुदायों के नाम मतदाता सूची से काटे गए हैं ताकि सत्तारूढ़ दल को फायदा पहुंचाया जा सके।
Share

Leave a comment

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

12 − 3 =

Related Articles

टूट रही हैं ईरान US जंग खत्म होने की उम्मीदें

टूट रही हैं ईरान US जंग खत्म होने की उम्मीदें

डोनाल्ड ट्रंप को तुर्की ने दिया फंसा

डोनाल्ड ट्रंप को तुर्की ने दिया फंसा

पैसे वालों का क्या असली मुसीबत तो मुफलिसों की है

पैसे वालों का क्या असली मुसीबत तो मुफलिसों की है

सुप्रीमकोर्ट की यूपी पुलिस भंग करने की चेतावनी

सुप्रीमकोर्ट की यूपी पुलिस भंग करने की चेतावनी