Home Delhi दिव्या मित्तल को नहीं मंजूर प्रेशर सत्ता से नाराजगी
Delhi

दिव्या मित्तल को नहीं मंजूर प्रेशर सत्ता से नाराजगी

दिव्या मित्तल को नहीं मंजूर प्रेशर सत्ता से नाराजगी

Share
दिव्या मित्तल को नहीं मंजूर प्रेशर सत्ता से नाराजगी
Share

मिर्जापुर में डीएम रहने के दौरान स्थानीय जनप्रतिनिधियों (सांसदों-विधायकों) के साथ ‘जल पूजन’ कार्यक्रम के निमंत्रण को लेकर हुए विवाद

नई दिल्ली। आईएएस (IAS) पद से इस्तीफा देने और हाल ही में बड़ा बयान जारी कर अपने अगले कदम की घोषणा की है। उन्होंने 30 अगस्त 2026 को सिविल सेवा (IAS) से इस्तीफा दे दिया था और 29 सितंबर 2026 को सोशल मीडिया पर एक विस्तृत वीडियो जारी किया। सत्ता से उनकी नाराजगी बातों से साफ छलकती है। उन्होंने कहा कि वे राजनीतिक दलों के बजाय सीधे उत्तर प्रदेश की जनता के साथ मिलकर एक स्वतंत्र राजनीतिक मंच तैयार करेंगी। उन्होंने समाज के अलग-अलग वर्गों जैसे छात्रों, किसानों, डॉक्टरों, वकीलों और मजदूरों को अपने इस अभियान से जुड़ने के लिए आमंत्रित किया है। दिव्या मित्तल का अगला कदम किसी राजनीतिक दल में शामिल होना नहीं, बल्कि एक स्वतंत्र उम्मीदवार या एक नए नागरिक मंच के जरिए उत्तर प्रदेश की सियासत में अपनी नई पारी की शुरुआत करना है।

सत्तारूढ़ दल से मतभेद और दबाव के संकेत

मिर्जापुर में डीएम रहने के दौरान स्थानीय जनप्रतिनिधियों (सांसदों-विधायकों) के साथ ‘जल पूजन’ कार्यक्रम के निमंत्रण को लेकर हुए विवाद और उसके बाद लंबे समय तक पोस्टिंग न मिलने (वेटिंग लिस्ट में रहने) की जो चर्चाएं थीं, उनके बयान से साफ है कि वे राजनीतिक दबाव के आगे झुकने को तैयार नहीं थीं। उन्होंने अपने राजनीतिक एजेंडे में युवा रोजगार, परीक्षा पेपर लीक, कृषि संकट, खराब बुनियादी ढांचे और धन-बल व जाति-आधारित राजनीति को मुख्य निशाना बनाया है। उन्होंने कहा कि प्रशासनिक सेवा में रहते हुए उन्होंने देखा कि बजट और सरकारी प्रावधान होने के बावजूद जमीनी स्तर पर कई काम नहीं हो पाते (जैसे स्कूल अपग्रेडेशन या पट्टों का भौतिक कब्जा मिलना)।

यूपी विधानसभा चुनाव 2027 पर नजर

दिव्या मित्तल ने 2026 के उत्तरार्ध में राजनीति में प्रवेश की यह घोषणा सीधे तौर पर 2027 के उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव को प्रभावित करने की तैयारी है। उन्होंने कहा कि वे राजनीतिक दलों के बजाय सीधे उत्तर प्रदेश की जनता के साथ मिलकर एक स्वतंत्र राजनीतिक मंच तैयार करेंगी। उन्होंने समाज के अलग-अलग वर्गों जैसे छात्रों, किसानों, डॉक्टरों, वकीलों और मजदूरों को अपने इस अभियान से जुड़ने के लिए आमंत्रित किया है।
Share

Leave a comment

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

3 × 3 =

Related Articles

सुप्रीमकोर्ट की यूपी पुलिस भंग करने की चेतावनी

सुप्रीमकोर्ट की यूपी पुलिस भंग करने की चेतावनी

इंडिया गठबंधन की बैठक तमाम दिग्गज शामिल

इंडिया गठबंधन की बैठक तमाम दिग्गज शामिल

डाक्टर बनने करा सपना होगा अब पूरा

डाक्टर बनने करा सपना होगा अब पूरा

OTT पर फिर नजर नहीं आएगा कॉफी विद करन

OTT पर फिर नजर नहीं आएगा कॉफी विद करन