Summer Vacation: गर्मियों में घूमने का बना रहे हैं प्लान, तो अरुणाचल प्रदेश में इन ठंडी जगहों का लें मजा

  • --
नई दिल्ली। अरुणाचल प्रदेश जिसे सूरज की भूमि भी कहा जाता है, बहुत ही खूबसूरत और दर्शनीय स्थल है। अपने देश में सबसे पहले यहीं सूर्योदय होता है। यही वजह है कि इसे उगते सूरज की भूमि कहा जाता है। यहां की सुंदरता और संस्कृति से प्राभावित होकर अपने देश से ही नहीं, बल्कि विदेशों से भी हर साल सैलानी घूमने के लिए आया करते हैं। सर्दियों के दौरान यहां पर तापमान दिन और रात में माइनस डिग्री में तक चला जाता है। हालांकि, गर्मियों में यहां का नजारा बेहद रोमांचक और खूबसूरत होता है। अगर आप भी गर्मियों में घूमने का प्लान बना रहे हैं, तो जानते हैं अरुणाचल प्रदेश में कौन सी जगहों पर जाना आपके लिए रोमांचक होगा- तवांग मठ तवांग मठ भारत का सबसे बड़ा बौद्ध मठ है। ये मठ एक तवांग युद्ध स्मारक के रूप में स्थापित है, जो एक 40 फीट की एक संरचना है। ये तवांग नदी की घाटी में बसे एक छोटे से कस्बे तवांग के पास स्थित है, जो बौद्ध तीर्थयात्रियों के आलावा सभी वर्ग के लोगों का ध्यान आकर्षित करती है। बम ला दर्रा ये भारत के अरुणाचल प्रदेश और तिब्बत के लहोखा विभाग के बीच हिमालय पर्वत का एक पहाड़ी दर्रा है। यह तवांग शहर से 37 किलोमीटर दूर समुद्रतल से 15200 फिट की ऊंचाई पर बसा हुआ बहुत ही रमणीय स्थल है। यह स्थल त्रिकोणीय पहाड़ियों के बीच स्थित है। यहीं पर एक बार तिब्बत से आए दलाई लामा ने शरण ली थी। यहां बहुत सारे बौध मठ है। सेला दर्रा सेला दर्रा पश्चिमी कामेंग जिले और तवांग को जोड़ने वाला एकमात्र मार्ग यही है। ये तिब्बती बौद्ध धर्म में एक पवित्र तीर्थ स्थल है। बौद्धों का मानना है कि यहां पर 101 पवित्र झीलें हैं। ये जगह भी बहुत ही रमणीय स्थल है। नूरांग फॉल्स इसे नूरनांग वाटर फॉल और बोंग बोंग वाटर फॉल के नाम से भी जाना जाता है। ये हमारे देश के सबसे सुंदर वाटर फॉल में से एक वाटर फॉल है। यहां पर पानी 100 मीटर की ऊंचाई से नीचे गिरता है, जिसे देखकर आपकी आंखें खुली की खुली रह जाएंगी। सेनगेस्टर झील ये झील पर्यटकों की पहली पसंद वाली है, जिसे देखने के लिए बहुत दूर-दूर से सैलानी यहां आया करते हैं। कांच जैसा साफ पानी और आसमान में छाए काले बादल देखने लायक होते हैं। यहां बहुत सारी फिल्मों की शूटिंग भी हुई है।